Youth Day Special : बांसवाड़ा की बेटियों ने लहराया अंतरराष्ट्रीय स्तर तक परचम, इन्हें देखकर आपको भी होगा गर्व, देखें वीडियो…

दीनदयाल शर्मा. बांसवाड़ा. पिछड़े कहे जाने वागड़ अंचल में अभावों से संघर्ष भले ही हो, लेकिन प्रतिभाओं की कोई कमी नहीं है। यहां युवाओं ने आत्मरक्षा की जापानी विधा मार्शल आर्ट में सिद्धहस्त होकर अंतरराष्ट्रीय स्तर पर स्वर्ण पदक हासिल किए और आगे ओलम्पिक में भारत का नाम रोशन करने की हसरत है। युवा दिवस के मौके पर ऐसी चंद प्रतिभाएं पत्रिका से रूबरू हुईं, तो उनका जोश-जुनून देखते ही बना। अपने जज्बे के बूते आगे बढ़ रहे इन युवाओं ने बातचीत के दौरान प्रगति की राह की अड़चनें दूर करने में सरकारी मदद की जरूरत बताई, वहीं युवा साथियों और दोस्तों से लक्ष्य बनाकर हासिल करने के लिए जी-जान से जुटने और सफलता पाकर ही दम लेने का संदेश दिया।

बेटियां चार कदम आगे, लखनऊ में गाड़े झंडे
मार्शल आर्ट में पारंगत युवाओं से बांसवाड़ा की बेटियां ज्यादा आगे हैं। इसकी बानगी पिछले दिनों लखनऊ में आयोजित अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिता में दिखलाई दी। इसमें शामिल सैजल भट्ट, मानसी जैन और भूमिका छाबड़ा ने पदकों का ढेर लगाया। मध्यम श्रेणी परिवार की मानसी बताती हैं कि कोच के प्रोत्साहन से निरंतर अभ्यास के बूते उसने लखनऊ में दो स्वर्ण और एक रजत पदक हासिल किया। इससे पहले कोटा, जयपुर और चित्तौडगढ़़ में उसका प्रदर्शन बढिय़ा रहा। मानसी ने युवाओं से जुनून के साथ अपने फील्ड में आगे बढऩेे और वागड़ का नाम रोशन करने का संदेश दिया। उसकी साथी सैजल ने अब तक हासिल स्वर्ण, रजत पदकों के लिए कोच लक्ष्मी पटेल को भी श्रेय दिया। साथ ही शरीर और दिमाग को फिट रखने के लिए खेलों को जरूरी बताते हुए युवाओं से अपील की कि वे किसी भी खेल से जुड़ें और अपना बेस्ट देकर पहचान कायम करें। कराटे चैम्पियन भूमिका ने भी अपनी सफलताओं के बारे में कहा कि लगातार मेहनत से यह सब मुमकिन हुआ। भूमिका ने युवाओं से मनचाहा क्षेत्र चुनने और उसमें पूरी शिद्दत से जुटकर लक्ष्य हासिल करने का संदेश दिया।