डीजल चोरी करने वाला अंर्तराज्ययीय गिरोह पकड़ा

mewar kiran news

राजस्थान पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए अन्तरराज्जीय डीजल चोर गिरोह का पर्दाफाश किया है। राजस्थान के चित्तौडग़ढ़ जिले में सदर थाना पुलिस ने हाईवे पर खड़े वाहनों से डीजल चुराने वाले अन्तरराज्जीय गिरोह का पर्दाफाश करते हुए चार आरोपियों को गिरफ्तार कर उनके कब्जे से एक ट्रक, डेढ सौ लीटर डीजल, डीजल चोरी में काम आने वाले उपकरण जब्त किए हैं।

यूं हुआ पूरा मामला

चित्तौडग़ढ़ सदर थाना प्रभारी भारत सिंह ने बताया कि अजमेर जिले के विजयनगर थानान्तर्गत लोहरडी गांव में रहने वाले कानाराम पुत्र किशन जाट ने थाने में रिपोर्ट दी कि वह 25 जून को जालमपुरा स्थित आयल डिपो से टैंकर में डीजल भरवाकर बूंदी जाने के लिए रवाना हुआ था, लेकिन मौसम खराब होने से टैंकर को भण्डारिया चौराहे पर परिचित की होटल पर खड़ा कर सो गया।

रात्रि में करीब तीन बजे नींद खुली तो देखा कि चार व्यक्ति टैंकर की डीजल टंकी से डीजल चुराकर ट्रक में बैठकर भाग गए। हाईवे पर हुई इस वारदात का खुलासा करने के लिए थाना प्रभारी के नेतृत्व में टीम का गठन किया गया। टीम ने अपने सूचना तंत्र का जाल बिछाया और मुखबीर की सूचना के आधार पर नरपत की खेड़ी पुलिया के पास नाकाबंदी शुरू की। नाकाबंदी के दौरान कपासन की तरफ से एक ट्रक आता हुआ दिखाई दिया। पुलिस टीम ने ट्रक को रूकवाने का प्रयास किया, लेकिन चालक ने ट्रक को नहीं रोका। पुलिस ने पीछा करते हुए ट्रक को रूकवाया। इस दौरान ट्रक में बैठे चार व्यक्ति बाहर निकलकर भागने लगे, लेकिन पुलिस ने घेरा देकर उन्हें दबोच लिया। पुलिस ने भागने का कारण पूछा तो संतोषप्रद जवाब नहीं दे सके। शंका के आधार पर पुलिस ने ट्रक की तलाशी ली तो उसमें खाली व डीजल से भरे हुए जरिकेन व ड्रम तथा डीजल निकालने के काम आने वाले उपकरण मिले।

पुलिस चारों को पूछताछ के लिए थाने ले आई, जहां चारों ने पुलिस को बताया कि वे हाई-वे पर खड़े वाहनों से डीजल चुराने का काम करते हैं। ट्रक-डीजल जब्त, चारों गिरफ्तार पूछताछ के दौरान डीजल चोरी की वारदातों को अंजाम देने का खुलासा होते ही पुलिस ने चारों को गिरफ्तार कर लिया। आरोपियों ने खुद को उज्जैन जिले के चिमनगंज थानान्तर्गत आगर नाका निवासी शाकिर मंसूरी उर्फ समीर, उर्फ बंटी उर्फ टिंकु पुत्र इस्माइल मंसूरी, उज्जैन जिले के महाकाल थानान्तर्गत बेगम बाग निवासी इमरान खान पुत्र रशीद खां, आगर नाका निवासी रईस खां पुत्र रफीक खां तथा साबीर पुत्र बशीर खां होना बताया।

कई राज्यों में कर चुके वारदातें

आरोपियों ने पूछताछ के दौरान पुलिस को बताया कि वे राजस्थान सहित गुजरात व मध्यप्रदेश में कई सालों से इस तरह की वारदातें कर रहे हैं। किसी को शंका नहीं हो इसके लिए अपने साथ एक ट्रक भी रखते हैं।

दिन में ऐश, आधी रात बाद चोरी

आरोपियों ने पुलिस को बताया कि वे दिन में ऐश करते हैं और रात को बारह बजे बाद डीजल चुराने के लिए लम्बी दूरी तय करते हैं। हाई-वे पर अधिकांश चालक आधी रात बाद गहरी नींद में होते हैं। इसका फायदा उठाकर गिरोह के दो व्यक्ति होटल-ढाबे वाले को बातों में उलझाकर रखते हैं और बाकी साथी डीजल चोरी का काम करते हैं। ट्रक पर कभी तिरपाल तो कभी फंटे लगा देते है और कभी हटा लेते हैं, ताकि ट्रक की पहचान नहीं हो सके। डीजल चोरी में ट्रक भी किराए पर आरोपियों ने पुलिस को बताया कि उनके कब्जे से जो ट्रक जब्त किया गया है, वह मध्यप्रदेश के ही एक व्यक्ति से मासिक किराए पर लिया हुआ है।

यहां बेचते थे चोरी का डीजल

आरोपियों ने पुलिस को बताया कि वे जहां से डीजल चुराते हैं, उस शहर के आसपास ट्रांसपोर्ट नगर, ओद्यौगिक क्षेत्र व फैक्ट्रियों के आसपास ट्रक चालकों को कम कीमत में डीजल बेच देते हैं। कुछ समय पहले आरोपियों ने शंभूपुरा थाना क्षेत्र में चार-पांच टैंकरों से डीजल चुराना भी स्वीकार किया है। हत्या व लूट जैसे मामले दर्ज आरोपियों का आपराधिक रिकार्ड खंगालने पर पुलिस को पता चला कि इनके खिलाफ लूट, हत्या, मारपीट, चोरी और हत्या का प्रयास करने जैसे मामले अलग-अलग थानों में दर्ज है।