Category: मेवाड़ आस पास

माता (Bhanwar Mata – Chhoti Sadri) मंदिर की कहानी – छोटी सादड़ी

छोटी सादड़ी चित्तौड़गढ़ से लगभग 56 कि . मी. दक्षिण में निम्बाहेड़ा-प्रतापगढ़ मार्ग पर स्थित है । यह अजमेर-खण्डवा रेलमार्ग पर मध्यप्रदेश के नीमच रेलवे स्टेशन के पास है । इस कस्बे से लगभग 3 की. मी. दूर पर्वतमालाओं के मध्य...

श्री झांतला माता मंदिर, पांडोली चित्तौड़गढ़

चित्तौड़गढ़ ज़िला मुख्यालय से 9 किमी दूर माताजी की पांडोली स्थित श्री झांतला माता जी की एक प्रमुख शक्तिपीठ है । यहाँ आने वाले हर श्रद्धालु की मनोकामनायें पूरी होती है। यहाँ विशेषकर लकवाग्रस्त लोगो को लाया जाता है। मान्यता है...

केसर कुंवर भूमिमग्न होकर कैसे बनी असावरा माता, आवरी माता मंदिर, असावरा

यूं तो यहां पूरे वर्ष भर ही भीड़ रहती है लेकिन नवरात्रा में यहां की छटा देखते ही बनती है। बड़ी आवरी माता जिन्हें  असावरा रानी के नाम से भी जाना जाता है। पिता को श्राप देने के बाद उनका भी...