सोशल मीडिया पर टूटी सडक़ों के गुस्से की ‘बाढ़’

उदयपुर. शहर में इन दिनों सडक़ों को लेकर शोर मचा है। टूटी सडक़ों से तंग आई जनता का गुस्सा अब सोशल मीडिया पर सामने आ र हा है। सडक़-सडक़ के नाम पर लोग अपना विरोध जता रहे है। नगर निगम व यूआईटी दोनों एक-दूसरे की सडक़ें बताते हुए अपना पल्ला झाड़ रहे है तो महापौर शहर की चार सडक़ों तक सीमित हो गए और परेशान हो रही तो जनता। टूटी सडक़ों को लेकर सोशल मीडिया पर बुधवार को एक नई बाढ़ आई है। मंगलवार को महापौर के उस बयान को लेकर लोगों ने निशाना साधा है जिसमें उन्होंने कहा कि सडक़ों को लेकर जनता के बीच कोई विरोध नहीं है। लोगों ने इतना तक बताया कि विरोध तो बहुत है, एक बार महापौर से लेकर नगर निगम के कर्ताधर्ता सडक़ गाडिय़ों से सडक़ पर उतर कर हालात देखे। नगर निगम के रजत जयंती समारोह की प्रेस कॉन्फ्रेंस में महापौर ने कहा कि वे तो शहर में जहां भी जाते है वहां उनको सडक़ों को लेकर कोई विरोध नहीं दिखा और न सामने आया, ये सब मीडिया का फैलाया है। इसके बाद महापौर के अलग-अलग फोटों के साथ टूटी सडक़ों को जोडक़र सोशल मीडिया पर कई पोस्ट वायरल हुई। लोगों ने नगर निगम को घेरते हुए कहा कि निगम मात्र चार सडक़ों को गिनाकर क्या संदेश देना चाहता है, शहर की मुख्य सडक़ों के अलावा गली, मोहल्लों व कॉलोनियों की सडक़ें टूटी पड़ी है, उनको ठीक करने या तत्काल राहत देने की बजाय जनता को कोई परेशानी नहीं कहकर निगम क्या कहना चाहता है।
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सोशल मीडिया पर कसे कुछ प्रमुख तंज
1. कमलदीप सिंह : किसी भी कार्यक्रम जाए लेकिन कानों से रूई निकालकर जाए तब ही सुनाई देगा
2. सिद्धार्थ लोढ़ा : थोड़े दिन ये समारोह व उद्घाटन से दूरी बनाकर जनता की मदद कीजिए
3. सतीश जैन : लग्जरी गाड़ी छोडक़र बाइक पर सवारी शुरू कर दे निगम वाले तो पता चलेगा दर्द
4. निवेदित आचार्य : अच्छी मजाक कर लेते निगम वाले और फिर भी हंसी नहीं आती
5. बी.एल. भोई : उदयपुर की बारह बजा रखी है

लोगों ने नगर निगम को खरीद कर दिए पाइप
शहर के टेकरी-माली कॉलोनी रोड पर भरे पानी की निकासी को लेकर लोगों ने अपने स्तर पर पाइप लाकर निगम को दिए और अब वे पाइप डाले जाएंगे। असल में आरसीए की तलाई में मिट्टी भरने से सारा पानी मुख्य सडक़ एवं पास की कॉलेानियां में भर गया। परेशान लोगों ने निगम तक समस्याएं रखी। नगर निगम ने वहां अस्थायी समाधान के लिए पाइप डालते हुए निकासी का काम शुरू कराया, जैसे ही पाइप की साइज देखी तो लोगों ने कहा कि ये पाइप तो नहीं चलेंगे। बुधवार को लोगों ने अपने स्तर पर आर्थिक राशि जुटाई और वहां एक बॉक्स भी रखा जिसमें राहगीरों ने भी सहयोग राशि दी। लोगों ने वहां बड़े पाइप खरीद कर नगर निगम को दिए, लोगों का कहना था कि इससे पानी की तेजी से निकासी होगी और मजबूत कार्य होगा।

गड्ढ़े में धंसी ट्रॉली
इधर, सुखाडिय़ा सर्कल पर गड्ढ़े भरने के लिए मिट्टी लेकर गई नगर निगम की ट्रेक्टर ट्राली का एक पहिया गड्ढ़ेे में धंस गया। उसमें भरी मिट्टी सडक़ पर खाली हो गई।