यूआईटी पटवारी 7 हजार की रिश्वत लेते गिरफ्तार, इस एवज में मांगे रुपए

चंदनसिंह देवडा/उदयपुर. भूखण्ड का नामांतरण खोलने की एवज में नगर विकास प्रन्याय उदयपुर में तैनात पटवारी रमाकांत मीणा शुक्रवार को 7 हजार की रिश्वत लेते रंगेहाथ दबोच लिया गया। भ्रष्टाचार निरोध ब्यूरो की स्पेशल यूनिट ने इस कार्रवाई को अंजाम दिया। यूनिट के एएसपी सुरेन्द्रसिंह भाटी ने बताया कि परिवाद रामसिंह शेखावत ने शिकायत की थी की उसकी पत्नी के नाम पर गोवर्धन विलास क्षेत्र में एक भूखण्ड क्रय किया था। इस भूखण्ड का नामांतरण खुलवाने के लिए प्रन्यास में आवेदन किया था। इस पर पटवारी रमाकांत मीणा ने फोन कर कहा कि भूखण्ड तलाब पेटे में आ रहा है ऐसे में नामांतरण में दिक्कत है। 10 हजार का खर्चा करोगे तो काम हो जाएगा। परिवादी ने इस पर 7 हजार रूपए देने की ही पेशकश की जिस पर पटवारी ने हां भर दी। सूचना की पुष्टि करने के बाद पटवारी को शुक्रवार को रिश्वत लेते स्पेशल यूनिट की टीम ने दबोच लिया।

पटवारी ने परिवादी को फोन कर केन्द्रीय कारागृह के पास रेती स्टेण्ड की तरफ जाने वाले तिराहे पर बुलाया। परिवादी ने जैसे पटवारी को रिश्वत के रंगे हुए नोट दिए तभी एसीबी टीम ने उसे दबोच लिया। आरोपी पटवारी मूलत जटवाडा कला का रहने वाला है जो अभी हिरणमगरी आकाशवाणी कॉलोनी में रह रहा है। आरोपी २०१२ में ही पटवारी के पद पर भर्ती हुआ और नगर विकास प्रन्यास के नियमन शाखा में तैनात था। कार्रवाई के दौरान एसीबी टीम में पुलिस निरीक्षक दिलीपसिंह झाला, उप निरीक्षक लक्ष्मण डांगी, हैड कांस्टेबल सुरेशकुमार, नारायणसिंह, नंदकिशोर, प्रदीप भंडारी, विनोद डामोर, सुरेशचंद्र, युसूफ मोहम्मद शामिल थे।