बांसवाड़ा : पूरे जिले में चल रहा बंधी का खेल, मिलीभगत के लिए रुपयों के साथ बंटती है बोतलें और…

बांसवाड़ा. कुशलगढ़ में आबकारी विभाग की सरकारी शराब की दुकान से अधिकारियों की मासिक बंधी का खेल तो उपखंड अधिकारी की कार्रवाई में सामने आ गया लेकिन हकीकत यह है बंधी का खेल पूरे जिले में चल रहा है। कहीं इस बंधी का हिसाब किताब लिखित में तो हीं कोर्ड वर्ड में और कहीं मौखिक तौर पर ही रहता है। सूत्रों के अनुसार बंधी का खेल दुकानों की संख्या के हिसाब से चलता है। अगर किसी के पास एक-दो दुकान से ज्यादा संख्या है तो उसको पूरा हिसाब किताब लिखकर रखना पड़ता है। कुशलगढ़ में कांस्टेबल से लेकर अन्य अधिकारियों के नाम हिसाब किताब रजिस्टर में लिखा हुआ था।

इसी तरह अन्य थाना इलाकों में भी चल रहा है। हिसाब के अलावा सीधी पर्ची का खेल भी चलता है। कई कारोबारियों की ओर से पुलिस कर्मियों को सीधी पर्ची दी जाती हैं, जिनमें शराब की बोतलों एवं पेटियों की संख्या लिखी होती है। इसके साथ बंधी में पूरे जिले में लाखों रुपए बंटते हैं और इसी की एवज में अवैध शराब का कारोबार बेरोकटोक चलता है और पलता है। बंधी का हिसाब किताब काफी लंबा होता है। इसमें एक दो नहीं बल्कि कई लोग जुड़े हुए होते हैं। इसके चलते पूरा हिसाब किताब लिखकर रखा जाता है। बताया गया कि कई कारोबारियों के पास तो पिछले वर्षों का भी हिसाब किताब लिखा हैंै।

जांच का विषय है, कार्रवाई करेंगे
इधर, पुलिस कर्मियों पर लगे बंधी के आरोपों के मामले को लेकर पुलिस अधीक्षक तेजस्विनी गौतम ने बताया कि यह जरूर जांच का विषय है। इस पर हम जांच बैठाएंगे और ऐसे अधिकारी को जांच सौंपी जाएगी जिसका कुशलगढ़ से कोई संबंध न हो। इसके बाद अगर इसमें कुछ सच्चाई मिलती है तो इस पर जरूर कार्रवाई की जाएगी।
तेजस्वनी गौतम पुलिस अधीक्षक बांसवाड़ा