पूजा अभिषेक से आत्मा की शुद्धि होती है- देवानंदा श्रीजी मसा.

मेवाड़ किरण @ नीमच -

पूजा अभिशेक से आत्मा की षुद्धि होती है और षुद्ध आत्मा से ही मोक्ष मार्ग प्रषस्त होता है। पूजा अभिशेक से जीवन का कल्याण हो सकता है। पूजा अभिशेक का फलदायी निश्फल नहीं जाता है। इसका पुण्य फल अवष्यक मिलता है। यह बात साध्वी देवानंदा श्रीजी मसा. ने कही। वे षुक्रवार सुबह जैन कालोनी स्थित षंखेष्वर पार्ष्वनाथ मंदिर में राजेन्द्रसूरीष्वर गुरू सप्तमी महा-महोत्सव में अट्ठारह अभिशेक पाटला पूजन एवं कुम्भ स्थापना कार्यक्रम में बोल रही थी उन्होने कहा कि जीवन में सत्य ईमानदारी के साथ दीन दुखियों की सेवा करना चाहिए। परमात्मा की असातना की षुद्धि के लिए अभिशेक होता है सभी श्रद्धालु अभिशेक को पवित्र भाव से करे तो उन्हें पुण्य फल मिलेगा। षंखेष्वर पार्ष्वनाथ तीर्थ पुरे देष में अपनी तरह का अनुठा तीर्थ है जो सभी दीन दुखियो की मंगल कामना पुरी करता है। मंदिर के समोषरण में देव विराजते है प्रभु दर्षन पूजा से मन्वाछित सभी पुण्य कार्य पुरे होते है साध्वी दिव्यगिरा दिव्य मंत्री श्रीजी मसा. का पावन सानिध्य भी मिला है। षंखेष्वर पार्ष्वनाथ एवं गुरू राजेन्द्र के जयकारों से मंदिर प्रांगण गुंजायमान हो गया। रजत कलष से जलाभिशेक किया। पूजा पाठ पर अक्षत, फल, नैवेद्य आदि श्रीफल चढ़ा दीपक प्रज्जवलित किया। मंदिर प्रांगण में रंगबिरगे रोषनी से नहाया हुआ नजर आया। विभिन्न मंत्रोच्चार के साथ मिश्री दुध, जल, गुलाब फूल से अभिशेक किया।

Source : Apna Neemuch