पिछले साल से चार गुना फैला डेंगू, दो साल में पहली मौत

मंदसौर । जिले में गत वर्ष से इस साल चार गुना डेंगू फैल गया है। और विभाग के अधिकारियों द्वारा अब तक इस पर नियंत्रण नहीं हो पाया है। बुधवार को गरोठ सिविल अस्पताल में कार्यरत डॉक्टर टीकम चौहान की डेंगू से उज्जैन में उपचार के दौरान मौत हो गई। दो साल में डेंगू से पहली मौत हुईहै। शहर में कई जगह लार्वा सर्वे नहीं हुआ है। अंचल में गरोठ-भानपुरा क्षेत्र में अभी तक लार्वा सर्वे की शुरुआत भी नहीं हुई है। जब अधिकारियों से लार्वा सर्वे और डेंगू के फैलने के बारे में पूछा जाता है तो वे केवल सर्वे हो रहा है यही बात हर बार कहते है। लेकिन डेंगू पर नियंत्रण को लेकर कभी भी कोई संतोषप्रद जवाब नहीं दे पाते है। पत्रिका ने गरोठ और भानपुरा में जायजा लिया तो चांैकने वाले दृश्य सामने आए। यहां पर कई जगह गंदगी पसरी हुईथी और पानी का जमाव था। इससे अंदाजा लगाया जा सकता है कि नगर निकाय सफाईको लेकर कितनी गंभीर है।
गरोठ शासकीय चिकित्सालय में पदस्थ एमबीबीएस डॉक्टर टीकम चौहान को करीब 8 -10 दिन पूर्व बुखार की शिकायत हुई।इस दौरान जांच में डेंगू के लक्षण दिखाई दिए। डॉक्टर चौहान र वह 2 दिन पूर्व उज्जैन आर्डी गार्डी मेडिकल कालेज रैफर किया गया जहां पर जांच में डेंगू के लक्षण पॉजिटिव पाए जाने पर रविवार को एडमिट किया गया। बुधवार सुबह उपचार के दौरान उनकी मौत हो गई। गरोठ शासकीय चिकित्सालय के मेडिकल ऑफिसर केएस परिहार ने बताया कि डॉ चौहान करीब 10 माह पूर्व शासकीय चिकित्सालय में पदस्थ हुए थे तथा गरोठ शासकीय चिकित्सालय के अंतर्गत मेडिकल ऑफिसर के पद पर कार्यरत थे।उन्हें करीब 8 दिन पूर्व बुखार आया तीन दिन पहले जांच में डेंगू के लक्षण दिखाई देने पर उज्जैन रैफर किये गए थे। जहंा उपचार के दौरान उनकी मौत हो गई। बीते कुछ दिनों पूर्व इंदौर गए हुए थे। जहां उनकी भाभी को भी डेंगू हुआ था। जिनका उपचार इंदौर के एमवाय हॉस्पिटल में किया गया था।
अस्पताल के सामने ही गंदगी का सामराज्य (एमएन-०६१२)
गरोठ सिविल अस्पताल के सामने थाना परिसर में स्थित पुलिसकर्मियों के आवास के पीछे गंदे पानी का जमाव है। यहां पर इस गंदे पानी से मच्छर पनप रहे है। जो पुलिसकर्मियों के साथ-साथ यहां आसपास रहने वाले रहवासियों के शरीर पर भी प्रतिकूल असर डाल रहा है। यहां पर मोबाइल मार्केट भी पास में है। जहां पर दिनभर चहल-पहल रहती है।
जनपद पंचायत के पीछे जमा गंदगी(एमएन-०६१६)
भानपुरा में तिजोरी कॉलोनी जनपद पंचायत भवन के समीप रिहायशी क्षेत्र में खाली पड़े भूखंड पर गंदे पानी का जमाव हो रहा है। इसके अलावा कोचर कॉलोनी मेें स्थित खाली भूखंडों पर यही हाल है। लार्वा सर्वे को लेकर जब नगर निकाय के सीएमओ रमेश चंद सतपुड़ा से पूछा तो उन्होंने कहा कि अभी तक स्वास्थ्य विभाग के साथ मिलकर लार्वा सर्वे नहीं करवाया है। जबकि यहां पर करीब एक माह पहले डेंगू के मरीज सामने आए थे।
गत वर्ष से चार गुना फैला डेंगू
गत वर्ष से इस साल जिले में चार गुना डेंगू फैल चुका है। सीएमएचओ कार्यालय से मिली जानकारी के अनुसार गत वर्ष डेंगू के ७ मरीज सामने आए थे। और इस वर्ष अब तक ३१ मरीज डेंगू के सामने आ चुके है। इसमें से एक मरीज की मौत बुधवार को हुईहै। इसमें सबसे अधिक मरीज मंदसौर शहर के बताए जा रहे है। और अंचल के भी मरीजों की संख्या अधिक है।
इनका कहना..
स्वास्थ्य विभाग नगर पालिका के साथ लार्वा सर्वे कर रहा है। जहां शुरु नहीं हुआ है वहां पर भी शुरु कर दिया जाएगा।
डॉ महेश मालवीय, सीएमएचओ।