पांच दिवसीय शरदोत्सव के तहत केशुबाब जी की सवारी घर घर पंहुची

मेवाड़ किरण @ नीमच -

अपना कुकड़ेश्वर @ मनोज खाबिया
परंपरागत श्री सूर्यवंशी कुमरावत तंबोली समाज के द्वारा अपने आराध्य देव केशुबाब जी नारोड़ा जी की पूजा अर्चना 5 दिनों तक की जाती है इस पांच दिवसीय कार्यक्रम के तहत दशहरे के रोज मांर तुलसी से निर्मित सवारी मैं ज्योति स्वरूप दीपक रखकर बाब जी की सवारी को तंबोली समाज के घर घर पर ले जाई जाती है जहां समाज जन आस्था व श्रद्धा के साथ पूजा अर्चना करता है यह कार्य दशहरे से लेकर शरद पूर्णिमा तक चलता है बाब जी की पूजा-अर्चना आस्था व श्रद्धा के साथ तंबोली समाज इसलिए करता है की वह उनके घर खेती-बाड़ी की सुरक्षा व सुखी संपन्नता का वरदान देते हैं शक्ति स्वरूप में उनके साथ रहते हैं केशव जी का 5 दिनों तक जन्म से लेकर विवाह अवसान दिवस तक मनाते हैं इसी क्रम में दशहरे के रोज बनाई गए तुलसी जी की सवारी घर पहुंचेगी । पूर्णिमा के रोज पूरे समाज जन नैना देवी के मंदिर पर पहुंचेंगे जहां सामूहिक घर घर के चोके लगा कर भोजन बनाकर माता रानी की पूजा अर्चना के पश्चात 7 बजे से सवारी बैंड बाजे ढोल धमाकों के साथ पहुंचेगी यह क्रम पूरी रात चलेगा 8 अक्टूबर से 13 अक्टूबर तक पांच दिवसीय आस्था और श्रद्धा के साथ धूमधाम पूर्वक मनाते हैं इसके तहत तमोली मंदिर से लेकर बस स्टैंड तक लाइटों का डेकोरेशन किया गया व तमोली मोहल्ले को दुल्हन की तरह सजाया सजाए जा कर हर्षोल्लास से यह पर्व मनाया जा रहा है ।

Source : Apna Neemuch