दुधाखेड़ी माता के भक्तों का सपना जल्द होगा पूरा

मंदसौर । भानपुरा लाखों भक्तो की आस्था का केंद्र महामाया दुधाखेडी माताजी के नवीन मंदिर निर्माण का कार्य इन दिनों प्रगति पर है। जानकारी देते हुए मंदिर कर्मचारी ब्रजेश शर्मा ने बताया कि नवीन मंदिर निर्माण के शिखर का कार्य इन दिनों निर्माण कंपन्नी मोहक स्टोन क्राफ्ट प्रा.ली. अहमदाबाद के कर्मचारियों द्वारा नवीन मंदिर स्थल पर प्रात: काल से देर शाम तक किया जा रहा है। मंदिर मे लगने वाले प्रस्तावित मॉडल के अनुसार पत्थरों को कंपन्नी द्वारा माउंट आबू से तराश कर यहां लाया गया।कार्य बंद होने के दौरान वर्ष 2019 की शुरुआत में ही 12 जनवरी को प्रथम निरीक्षण में कलेक्टर धनराजु एस ने रुके हुए कार्य को प्रारंभ करने की कहा था। 11 मार्च को पदभार ग्रहण करने के पहले दिन एसडीएम वीरेंद्र डांगी ने भी कार्य निरंतर होने के एवं निर्माण कार्य गुणवत्ता के साथ तेजी से संपन्न करने एवं मंदिर व्यवस्थाओं पर आवश्यक निर्देश जवाबदारो को दिए थे।
आगामी अप्रैल माह में चैत्र नवरात्रि का महोत्सव भी आने वाला है। आयोजन के तहत प्रतिवर्षानुसार इस वर्ष भी 9 दिवसीय मेले का आयोजन होगा। अभी आचार संहिता लागू है इसलिए प्रशाशनिक अधिकारियों के निर्देशानुसार मेले की संपूर्ण व्यवस्थाओं पर महत्वपूर्ण जवाबदेही आगामी दिनों में तय की जाएगी। इस पर नवीन मंदिर का नया स्वरूप भक्तो के सम्मुख होगा। विशेषकर शिखर का आधार वर्तमान मै तैयार है। आगामी दिनों मे आधार से ऊपर की और ऊचाई में शिखर के कार्य के साथ मंदिर के मंडप, मंदिर के बाकी बचे आधार स्तंभ पर कार्य किया जाएगा।
शेड में विराजित माताजी
वर्तमान मे माताजी की मूर्ति वर्ष 2017 से शेड मे विराजित है फिलहाल यह तय नही है कि माताजी की मूर्ति की स्थापना नवीन मंदिर ग्रभ ग्रह मे कब होगी। लेकिन अगर इसी स्तर पर कार्य निर्माण प्रगति पर रहा तो शिखर का कार्य शीघ्र पूर्ण होकर मंडप का कार्य आगामी दिनों मे प्रारंभ होगा। हालांकि मंदिर का निर्माण होने में अभी तय समय सीमा से अधिक वर्ष का समय लग सकता है।
कारण ये भी रहा कि
पिछले दिनों मे कई बार निर्माण कार्य कभी कागजों की कमी दूर करने तो कभी निर्माण कंपन्नी की भुगतान के अभाव मे रुक-रुक कर चला है। वर्तमान मे कार्य चल रहा है। कंपन्नी के कर्मचारी पवन नाथ योगी ने भी ठेकेदार के माध्यम से मंदिर निर्माण कार्य के संसाधनों के अतिरिक्त स्टॉक होने की बात कहीं है। और शीघ्र मंदिर का नया स्वरूप भक्तो को देखने को मिलेगा। और लाखों भक्तो का स्वप्न शीघ्र होगा पूरा।