छुट्टी पर एफएसओ, सरकार के आदेश हवा

-रिपोर्ट आने से पहले हलक में उतर जाएंगे मिलावटी मिष्ठान
-हरियाली अमावस्या से चलना था मिलावट के खिलाफ अभियान
-साठ नमूनों में सिमट जाएगा मिलावट के खिलाफ अभियान
चित्तौडग़ढ़
राखी के पन्द्रह दिन पहले सरकार ने भले ही मिलावटी सामग्री के खिलाफ अभियान चलाने का फरमान जारी कर दिया हो, लेकिन चित्तौडग़ढ़ जिले में खाद्य सुरक्षा अधिकारी के अवकाश पर होने से सरकार के आदेश हवा हो गए हैं। नमूने लेने के बाद भी जब तक जांच रिपोर्ट आएगी, इससे पहले ही मिलावटी मिष्ठान लोगों के हलक में उतर जाएंगे, ऐसे में एक बार फिर अभियान की सार्थकता पर सवाल खड़े हो जाएंगे। चिकित्सा एवं स्वास्थ्य विभाग के निदेशक एवं आयुक्त (खाद्य सुरक्षा) ने ३१ जुलाई को ही प्रदेश के सभी अभिहित अधिकारी एवं मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारियों को आदेश दे दिए थे कि रक्षा बंधन पर्व पर खाद्य पदार्थों की मांग बढने और बाजार में खाद्य सामग्री के अभाव के कारण कई निर्माता और व्यापारियों की ओर से अपमिश्रित खाद्य पदार्थों की बिक्री बाजार में करने की संभावना है। रक्षा बंधन पर्व पर अपमिश्रित खाद्य पदार्थों की बिक्री पर प्रभावी अंकुश लगाने के लिए अपने-अपने जिले में एक से पन्द्रह अगस्त तक मिलावटखोरी के खिलाफ विशेष अभियान चलाकर खाद्य सामग्री के नमूने लेने और निरीक्षण की प्रभावी कार्रवाई की जाए। जिले में गठित प्रत्येक दल को प्रतिदिन चार प्रतिष्ठानों के निरीक्षण और इतने ही नमूने लेकर लक्ष्यपूर्ति के निर्देश दिए गए है। मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारियों से यह भी कहा गया है कि वे आवश्यकता पडऩे पर रसद विभाग, डेयरी प्रशासन और पुलिस विभाग से सहायता लें। लक्ष्य की पूर्ति नहीं होने पर संबंधित खाद्य सुरक्षा अधिकारी के खिलाफ कार्रवाई करने को भी कहा गया है।
चित्तौड़ जिले में हवा हुए आदेश
मिलावट खोरी के खिलाफ अभियान चलाने के सरकार के आदेश चित्तौडग़ढ़ जिले में हवा हो गए हैं। खाद्य सुरक्षा अधिकारी के अवकाश पर होने के कारण जिले में एक अगस्त से यह अभियान शुरू नहीं हो पाया। खाद्य सुरक्षा अधिकारी राजेश टिंकर ने बताया कि वे जयपुर में है और सोमवार को चित्तौडग़ढ़ पहुंचेंगे। इसके बाद खाद्य सामग्री के नमूने लेने व निरीक्षण की कार्रवाई शुरू करेंगे।
साठ नमूनों में सिमटेगा अभियान
पन्द्रह दिन तक चलने वाले इस अभियान में एक दल के लिए प्रतिदिन चार नमूने लेने की अनिवार्यता की गई है। इसके विपरित चित्तौडग़ढ़ जिले में सिर्फ एक ही खाद्य सुरक्षा अधिकारी पर पूरे अभियान की जिम्मेदारी है। ऐसे हालात में एफएसओ भी एक दिन में चार नमूने व चार प्रतिष्ठानों के ही निरीक्षण कर पाएंगे। इस तरह रक्षा बंधन के मद्देनजर चलाए जाने वाला यह अभियान सिर्फ साठ नमूनों में ही सिमटकर रह जाएगा। जबकि जिले में बड़ी संख्या में मिठाइयों और खाद्य सामग्री की दुकानें हैं।
पर्व निकलने के बाद आती है रिपोर्ट
हर साल रक्षा बंधन और दीपावली से पहले खाद्य सामग्री के नमूने इसलिए लिए जाते है कि लोगों के खानपान में मिलावटी सामग्री शामिल नहीं हो, लेकिन विडंबना इस बात की भी है कि खाद्य सुरक्षा अधिकारी की ओर से जो नमूने लिए जाते हैं, उनके मिलावटी होने या नहीं होने के संबंध में प्रयोगशाला से जांच रिपोर्ट पर्व निकलने के कई दिनों बाद आती है, ऐसे में जांच रिपोर्ट आने से पहले ही मिलावटी खाद्य सामग्री लोगों के हलक में उतर जाती है। इससे सरकार की मंशा और अभियान की सार्थकता पर भी पानी फिर जाता है।
जल्द ही शुरू कर देंगे अभियान
खाद्य सुरक्षा अधिकारी पेशी तारीख होने से जयपुर गए हुए हैं। उनके आने के बाद अभियान शुरू कर दिया जाएगा।
डॉ. इन्द्रजीतसिंह, सीएमएचओ चित्तौडग़ढ़