ऐसी भी क्या मजबूरी, नहीं गए अस्पताल, 4 दिन से अपने घर में ही ठीक होने का कर रहे थे इन्तजार

प्रधानाचार्य ने अपनी गाड़ी से हॉस्पिटल पहुॅचाया

प्राथमिक उपचार के बाद उदयपुर रैफर
परसाद (उदयपुर). निकटवर्ती नालहल्कार ग्राम पंचायत के निचला फला में 7 सितम्बर की शाम तेज बारिश के दौरान आकाशीय बिजली गिरने से 3 बच्चे झुलस गए।

नाल हल्कार के राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय के प्रधानाचार्य उमेश माहेश्वरी ने बताया कि पीडि़त परिवार कि एक छोटी बच्ची स्कूल आने के बाद बुधवार को उनके पास पहुंची और सहमते हुए बोली कि हमारे घर पर बिजली गिरने से दो भाई और एक बहन गंभीर रूप से घायल हो गए हैं ।
स्वयं प्रधानाचार्य पीडि़त परिवार के घर गए तो पता चला कि स्थानीय विद्यालय में 12 कक्षा के छात्र रामलाल मीणा (18) पुत्र बदा मीणा, गोपाल मीणा (22)पुत्र बदा मीणा एवं मेवा कुमारी (13पुत्री बदा मीणा)बिजली गिरने से घायल हो गए।

राम लाल के सिर में बिजली का तेज झटका लगने से उसके सिर में अभी भी जलन होने एवं सुनने और बोलने की क्षमता पर विपरीत असर पड़ा है, वहीं दूसरे भाई गोपाल के घुटने से नीचे दोनों पैरों में कंपन होने एवं ताकत खो जाने की स्थिति होने से वह खड़ा भी नहीं हो पा रहा है एवं मेवा के पांव में खिंचाव आने से वह भी ठीक से नहीं चल पा रही है ।
गरीब परिवार एवं माली हालत सही नहीं होने से पिछले 4 दिनों से ये अपने घर पर ही ठीक होने का इन्तजार कर रहे थे। घायलों को प्रधानाचार्य अपनी गाड़ी में बैठा कर तत्काल परसाद के सामुदायिक अस्पताल लाए, जहां डॉ. कुलदीप लोहार ने प्राथमिक जांच कर उदयपुर रैफर कर दिया।

पहुंचाया था अस्पताल
परिवार की माली हालत काफी खराब होने से ये लोग पिछले 4 दिन से ही घर में बैठे थे। सूचना मिलने पर उन्हें हॉस्पिटल पहुंचाया।

-उमेश माहेश्वरी, प्रधानाचार्य रा.उ.मा.वि.नाल हल्कार
तीनों बच्चों की जांच की गई, इनमें से दो बच्चों को गंभीर आघात पहुंचने से उदयपुर रैफर किया है।

- डॉ. कुलदीप लोहार, प्रभारी, सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र, परसाद